
सोनभद्र। श्री रामलीला समिति रॉबर्ट्सगंज नगर के तत्वावधान में आयोजित ऐतिहासिक रामलीला के दसवें दिन शनिवार को हनुमान-सीता मिलन, लंका दहन, विभीषण शरणागति और अंगद-रावण संवाद का प्रभावशाली मंचन किया गया। कलाकारों के सशक्त अभिनय और ओजस्वी संवादों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

लीला में जामवंत के स्मरण कराने पर हनुमान जी समुद्र लांघकर लंका पहुंचे। विभीषण के मार्गदर्शन में अशोक वाटिका पहुंचकर उन्होंने माता सीता को प्रभु श्रीराम की अंगूठी सौंपी और उन्हें शीघ्र मुक्त कराने का भरोसा दिलाया। इसके बाद हनुमान जी ने अशोक वाटिका में उत्पात मचाया। मेघनाद उन्हें बंदी बनाकर रावण के दरबार में ले गया। रावण के आदेश पर पूंछ में आग लगाए जाने के बाद हनुमान जी ने सोने की लंका का दहन किया। इस दृश्य पर पूरा रामलीला परिसर जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। इसके बाद विभीषण शरणागति और अंगद-रावण संवाद का मंचन हुआ।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष रूबी प्रसाद रहीं। मारवाड़ी युवा मंच सोन महिला शाखा की अध्यक्ष सुनीता सांवरिया तथा रानी सती दादी भक्त महिला मंडल की अध्यक्ष अनीता थर्ड भी मातृशक्ति के रूप में उपस्थित रहीं। समिति की ओर से अतिथियों को अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष पवन जैन, कोषाध्यक्ष राकेश गुप्ता, उपाध्यक्ष प्रमोद गुप्ता, जितेंद्र सिंह, आनंद मिश्रा, डॉ. धर्मवीर तिवारी, प्रशांत जैन, राम प्रसाद यादव, संजय जायसवाल, अनवर अली, बलराम सोनी, विमल जैन, गोल्डी और चंदू केजरीवाल सहित अन्य सदस्य एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।





